
जिसने चुनौतियों से लड़के ये चोला पहना है।
जिसने सीखा न कभी डरके पीछे हटना है।

जिसने पल -पल संघर्ष की बेड़ियां पहना है।
जिसने तोड़के जंजीरें सीखा बे-हद चलना है।
जिसका विषमताओं से झूझना ही गहना है।
जिसका ”सबका हो भला” बस यही कहना है।
जिसका जीवन अनुभवों का ताल ओढ़ना है।
जिसका आंगन गुलिस्तां से भरा बिचौना है।
जिनके कर्म साध्य का लोहा सबने माना है।
जिनके सर परस्त निखरा अनेक नगीना है।
जिनके रौद्र चिंघाड़ से बहता माथे पसीना है।
जिनके कोमलता से सीखता जीवन जीना है।
खुशहाल रहे जीवन सदा यही हमारी कामना है।।
खुशहाल रहे जीवन सदा यही हमारी कामना है।।
आपको जन्मदिवस की अनेकानेक शुभकामनाएं….

✍महेश्वर पटेल नंदेली
साभार https://m.facebook.com/story.php?story_fbid=3339082956187975&id=100002589115855




