
विधायक उमेश पटेल ने कलेक्टर से की सख्त कार्रवाई की मांग
रायगढ़।खरसिया के शांत वातावरण में कोयले की काली साजिश अब जनस्वास्थ्य पर भारी पड़ रही है। बिना किसी पर्यावरणीय अनुमति के,खरसिया नगर के पूर्वी छोर पर स्थित रेलवे माल धक्का में अवैध कोयला लोडिंग-अनलोडिंग का गोरखधंधा धड़ल्ले से चल रहा है, जिससे क्षेत्र में कोयले की धूल उड़-उड़कर लोगों की सांसें घोंट रही हैं।
इस गंभीर मुद्दे को लेकर विधायक उमेश पटेल के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने आज रायगढ़ कलेक्टर से मिलकर सख़्त कार्यवाही की मांग की। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया कि यह कोयला कारोबार न केवल पर्यावरण स्वीकृति के बिना संचालित हो रहा है, बल्कि वार्ड 01, 02, 11, 12, 13 और 14 समेत पूरे खरसिया की आबोहवा को विषैला बना रहा है।
कोयले की उड़ती धूल ने किया जीवन दूभर
सुनील शर्मा ने कलेक्टर को बताया कि कोयले की धूल नगर के वार्ड क्रमांक 01, 02, 11, 12, 13 और 14 घरों के अंदर तक पहुंच रही है, जिससे खाद्य सामग्री दूषित हो रही है और लोग श्वास संबंधी गंभीर बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। उन्होंने कहां कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो खरसिया की महिलाएं सड़क पर उतर कर आंदोलन करेंगी।
यह साईडिंग चावल और खाद्य सामग्री के लिए थी,न कि कोयले की कालिख के लिए– उमेश पटेल
विधायक उमेश पटेल ने स्पष्ट किया कि रेलवे साइडिंग को शासन ने चावल,राखड़ और खाद्यान्न के लोडिंग-अनलोडिंग के लिए स्वीकृत किया था,लेकिन इसे कोयला व्यापार का अड्डा बना दिया गया है। उन्होंने प्रशासन से अविलंब इस अवैध कारोबार पर पूर्ण विराम लगाने की मांग की।
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस धधकते कोयले के धुएं को रोकने कोई ठोस कदम उठाता है या जनता को खुद अपनी लड़ाई सड़क पर लड़नी पड़ेगी…




