बस्तर को मलेरिया मुक्त अभियान को मिली यूएनडीपी और नीति आयोग से सराहना…

रायपुर। बस्तर संभाग में मलेरिया उन्मूलन के लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, छत्तीसगढ़ द्वारा संचालित मलेरिया मुक्त बस्तर अभियान की संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (यूएनडीपी) और नीति आयोग ने सराहना की है. अभियान की वजह से बीजापुर जिले में मलेरिया के मामलों में 71 प्रतिशत और दंतेवाड़ा में 54 प्रतिशत की कमी आई है.
यूएनडीपी ने नीति आयोग को सौंपी अपनी रिपोर्ट में कहा है कि आकांक्षी जिलों बीजापुर और दंतेवाड़ा में इस अभियान के बहुत अच्छे नतीजे आए हैं. इस अभियान को आकांक्षी जिलों में संचालित सबसे बेहतर अभियानों में से एक बताया है. रिपोर्ट में कहा है कि मलेरिया को खत्म करने देश के अन्य आकांक्षी जिलों में भी इस तरह का अभियान संचालित किया जाना चाहिए.
अप्रैल-2020 की तुलना में अप्रैल-2021 में सरगुजा संभाग में मलेरिया के मामलों में 60 प्रतिशत और बस्तर संभाग में 45 प्रतिशत की कमी आई है.
बता दें कि बस्तर संभाग को मलेरिया से मुक्त करने राज्य शासन द्वारा शुरू किए गए मलेरिया मुक्त बस्तर अभियान का व्यापक असर देखने को मिला है. बस्तर क्षेत्र में इसके बेहतरीन परिणाम के बाद पिछले वर्ष के अंत में सरगुजा संभाग में भी इसका क्रियान्वयन किया गया. राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, छत्तीसगढ़ द्वारा चलाए गए दोनों संभागों में इन विशेष अभियानों से मलेरिया के प्रकरणों में लगातार कमी आ रही है.
सीएम बघेल की अहम भूमिका
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अपील पर पूरे बस्तर संभाग में मलेरिया मुक्त बस्तर अभियान को जन अभियान के रूप में विस्तारित किया गया था. अभियान के पहले चरण के दौरान दंतेवाड़ा प्रवास पर पहुंचे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सार्वजनिक सभा में बस्तर को मलेरिया मुक्त करने लोगों को शपथ दिलाई थी. स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव की पहल पर मलेरिया मुक्त बस्तर अभियान की सफलता को देखते हुए पूरे छत्तीसगढ़ से मलेरिया को खत्म करने मलेरिया मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान शुरू किया गया.




