सेवानिवृत्त शिक्षक चपले चंद्रिका प्रसाद पटेल का निधन,शिक्षा जगत में शोक…

खरसिया।चपले निवासी सेवानिवृत्त शिक्षक चंद्रिका प्रसाद पटेल का मंगलवार की सांध्य बेला में निधन हो गया। वे पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे। जीवन की ढलती शाम में उन्होंने संसार की मोह-माया को त्यागते हुए अंतिम सांस ली और अपने पीछे स्मृतियों से भरा एक विस्तृत परिवार तथा सामाजिक संबंधों का गहरा संसार छोड़ गए।
स्वर्गीय चंद्रिका प्रसाद पटेल,स्व.गोपीराम पटेल के सुपुत्र थे। उन्होंने अपने लंबे शिक्षकीय जीवन में केवल पाठ्यपुस्तकों का ज्ञान ही नहीं,बल्कि अनुशासन,मूल्य और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना भी पीढ़ियों तक पहुँचाई। ग्रामीण अंचल में शिक्षक की भूमिका केवल एक पेशे तक सीमित नहीं रहती; वह समाज के मार्गदर्शक और संस्कारों के वाहक भी होते हैं। चंद्रिका प्रसाद पटेल ने अपने शांत स्वभाव, सादगीपूर्ण जीवन और कर्तव्यनिष्ठ कार्यशैली से इसी परंपरा को जीवंत बनाए रखा।
उनके निधन से न केवल परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र में शोक की अनुभूति है। जिन्होंने उनसे शिक्षा पाई या जीवन में उनसे मार्गदर्शन प्राप्त किया,उनके लिए यह क्षति व्यक्तिगत स्मृतियों से जुड़ी हुई है। ग्रामीणों और परिचितों ने उन्हें एक ऐसे शिक्षक के रूप में याद किया जो ज्ञान के साथ-साथ मानवीय मूल्यों की भी शिक्षा देते थे।
परिवार में उनके पुत्र अशोक पटेल तथा पौत्र हेमंत पटेल सहित अन्य परिजन हैं, जो इस दु:खद घड़ी में शोकाकुल हैं।
स्वर्गीय चंद्रिका प्रसाद पटेल का अंतिम संस्कार बुधवार, 18 मार्च 2026 को प्रातः 08:30 बजे किया जाएगा।
एक शिक्षक का जाना केवल एक व्यक्ति का अवसान नहीं होता,बल्कि वह एक ऐसे अध्याय का विराम होता है जिसमें अनेक जीवनों की सीख और संस्कार जुड़े होते हैं। उनकी स्मृतियाँ और उनके द्वारा बोए गए ज्ञान के बीज आने वाली पीढ़ियों में लंबे समय तक जीवित रहेंगे।
✍️ ॐ शांति 🙏
ॐ शांति 💐💐💐



