छत्तीसगढ़रायगढ़

सिकल सेल,एनीमिया की स्क्रीनिंग में लाए तेजी-कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी

बीएमओ को विकासखंड स्तर पर स्वास्थ्य शिविर लगाने के दिए निर्देश

गर्भवती महिलाओं का चिन्हांकन कर खान-पान की करें मॉनिटरिंग

जन औषधि केंद्रों के लिए उचित स्थान चिन्हांकित कर शिफ्ट करने के दिए निर्देश

मलेरिया प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर नियंत्रण हेतु जरूरी प्रबंधन करें सुनिश्चित

कलेक्टर चतुर्वेदी ने जिला स्वास्थ्य समिति की ली बैठक ली

रायगढ़।कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने आज कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक ली। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा करते हुए प्रगति की जानकारी ली। इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत जितेन्द्र यादव भी उपस्थित रहे।
कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने स्वास्थ्य विभाग में उपलब्ध मानव संसाधन एवं मूलभूत संसाधनों की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने ब्लॉक स्तर पर सिकलसेल, एनीमिया उन्मूलन मिशन की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि सिकल सेल स्क्रीनिंग अपेक्षाकृत कम है उन्होंने सभी बीएमओ को शत-प्रतिशत स्क्रीनिंग के निर्देश दिए। उन्होंने सभी बीएमओ को मौसमी बीमारियों के इलाज के साथ ही सिकलसेल, एनीमिया की स्क्रीनिंग हेतु न्यूनतम 10 शिविर लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों के साथ ही बीएमओ अपने ब्लॉक में हो रहे शादी के पूर्व जोड़ों के एनीमिया एवं सिकल सेल की जांच सुनिश्चित करेंगे।
कलेक्टर चतुर्वेदी ने स्वास्थ्य विभाग अंतर्गत स्वीकृत एवं प्रगतिरत भवन कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने प्रगतिरत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश संबंधित निर्माणाधीन एजेंसी को दिए। इस दौरान उन्होंने 108 संजीवनी एम्बुलेंस, 102 महतारी एक्सप्रेस, 1099 मुक्तांजली सेवा एवं विभागीय एम्बुलेंस की जानकारी ली। स्वास्थ्य विभाग द्वारा बताया गया कि जिले में स्वीकृत 10 में से 9, 108 संजीवनी कार्यरत है, वही सभी 12 स्वीकृत 102 महतारी एक्सप्रेस में से 12 एवं 1099 मुक्तांजली सेवा अंतर्गत 11 में से 10 तथा विभागीय एम्बुलेंस 12 में से 12 कार्यरत है। कलेक्टर चतुर्वेदी ने वाहनों के मरम्मत कार्य को अतिशीघ्र पूर्ण कर संचालन करने के निर्देश संबंधित एजेंसी को दिए।
कलेक्टर चतुर्वेदी ने सर्पदंश के संबंध में जानकारी लेते हुए कहा कि सभी स्वास्थ्य केंद्रों में एन्टी वेनम की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने तमनार, लैलूंगा, धरमजयगढ़ में मुख्यमंत्री हाट बाजार की संख्या में बढ़ोतरी के निर्देश दिए ताकि अधिक से अधिक लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिल सके। उन्होंने टीबी नियंत्रण की समीक्षा की। संबंधित नोडल अधिकारी द्वारा बताया कि 550 ग्राम पंचायत में से 298 ग्राम पंचायत टीबी मुक्त ही चुके है, इस दौरान कलेक्टर चतुर्वेदी ने कहा कि बेहतर कार्य करते हुए अधिक से अधिक ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त करने के दिशा में कार्य करें। उन्होंने टीबी मरीजों को फूड बास्केट के वितरण हेतु निक्षय मित्र बनाने के निर्देश दिए। आयुष्मान भारत योजना की समीक्षा की। उन्होंने पंजीकरण में आ रही समस्याओं के निराकरण हेतु स्वास्थ्य शिविर में आधार कार्ड बनवाने एवं सुधार हेतु ईडीएम के माध्यम से व्यक्ति रखने के निर्देश दिए, ताकि संबंधित का आयुष्मान कार्ड बनने में आसानी हो सके।
कलेक्टर चतुर्वेदी ने कुष्ठ उन्मूलन, इयर केयर, कीमोथेरेपी,हाइपर टेंशन,डायबिटीज, डायलिसिस एवं सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कुष्ठ उन्मूलन, इयर केयर में प्रगति लाने के निर्देश दिए। इसी तरह हाइपर टेंशन, डायबिटीज एवं सर्वाइकल कैंसर के स्क्रीनिंग बढ़ाने के निर्देश दिए। साथ ही डायलिसिस मशीनों की जानकारी लेते हुए अधिक से अधिक मरीजों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए। उन्होंने आयुष्मान आरोग्य मंदिर में टेली कंसल्टेशन हेतु बेहतर टीवी स्क्रीन एवं कैमरा लगाने के निर्देश दिए, ताकि सुदूर क्षेत्र के मरीजों को इसका बेहतर लाभ मिल सके।

इस दौरान उन्होंने शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत पूर्ण टीकाकरण की समीक्षा। उन्होंने कहा कि शिशुओं को लगने वाले संपूर्ण टीका लगाना सुनिश्चित करें।
इस अवसर पर सीएमएचओ डॉ.अनिल कुमार जगत, सिविल सर्जन डॉ.दिनेश पटेल, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ.भानु प्रताप पटेल, जिला मलेरिया अधिकारी डॉ.टी.जी.कुलवेदी, डीपीएम सुश्री रंजना पैकरा, समस्त बीएमओ, बीपीएम, स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टर एवं अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।


जन औषधि केंद्र के लिए बेहतर स्थान का करें चिन्हांकन


कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने भारतीय जन औषधि केंद्र की संचालन की समीक्षा की। उन्होंने बीएमओ को कहा कि जिन ब्लॉक मुख्यालय में भारतीय जन औषधि केंद्र उचित स्थान पर नहीं है उनके लिए बेहतर जगह का चिन्हांकन कर शिफ्ट करना सुनिश्चित करें, जिससे अधिक से अधिक लोगों को सस्ती दवाइयों का लाभ मिल सके। इस दौरान उन्होंने सभी बीएमओ से अस्पतालों की मूलभूत सुविधाओं एवं समस्याओं की जानकारी भी ली। उन्होंने हॉस्पिटल में छोटे एवं महत्वपूर्ण सिविल वर्क जैसे अतिरिक्त कक्ष निर्माण,पेवर ब्लॉक जैसी जरूरतों की जानकारी देने के निर्देश दिए, ताकि कार्यों को करवाकर सुविधा बढ़ायी जा सके।


गर्भवती महिलाओं का चिन्हांकन कर, खान-पान का ले प्रतिदिन अपडेट


कलेक्टर चतुर्वेदी ने मातृ स्वास्थ्य कार्यक्रम की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि ब्लॉक स्तर पर गर्भवती महिलाओं की जानकारी मितानिनों से प्राप्त कर, उनका पंजीयन एवं अल्ट्रासाउंड करना सुनिश्चित करें। इसके साथ ही कॉल कर निर्धारित डाइट एवं आवश्यक दवाईयों के सेवन से संबंधित जानकारी प्रतिदिन उनके परिवार से अपडेट ले। उन्होंने सभी बीएमओ को संस्थागत प्रसव में बढ़ोतरी के निर्देश दिए। उन्होंने बीएमओ को मितानिनों एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की बैठक में अनिवार्य रूप से शामिल होने के निर्देश दिए, ताकि उनके उत्साहवर्धन के साथ फील्ड में आ रहे समस्याओं का त्वरित निराकरण एवं गर्भवती, शिशुवती महिलाओं के परिवारजनों को बेहतर स्वास्थ्यगत परामर्श प्रदान किया जा सके।


मलेरिया प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर, करें जरूरी प्रबंधन


कलेक्टर चतुर्वेदी ने मलेरिया नियंत्रण कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए कहा कि जिन क्षेत्रों में मलेरिया से अधिक प्रभावित पाए जाते है। उन क्षेत्रों में पहले से दौरा करते हुए जरूरी प्रबंधन करें। मलेरिया नियंत्रण अधिकारी ने बताया कि जिले के सुदूर क्षेत्र में मलेरिया के प्रकरण अधिक पाए जाते है, जिसके बचाव के लिए वहां के लोगों को मच्छरदानी देने के साथ ही उसके प्रयोग हेतु जागरूक किया जाता है। कलेक्टर चतुर्वेदी ने कहा कि सभी एक सप्ताह में उन रहवासी क्षेत्रोंं का दौरा करें जो पुरानी नाली अथवा नालों के बगल में बसे है। आगामी दिनों में उन क्षेत्रों में मलेरिया से संबंधित परिस्थिति बनने पर एसडीएम एवं सीईओ जनपद को अवगत करना सुनिश्चित करें, ताकि समय रहते मलेरिया से बचाव हेतु जरूरी प्रबंधन किया जा सके।

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Gopal Krishna Naik

Editor in Chief Naik News Agency Group

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